समस्तीपुर में नकली दवा का बड़ा खुलासा: ब्रांडेड नाम से बिक रही थी एंटीबायोटिक, लैब जांच में निकली अमानक

समस्तीपुर में नकली दवा का बड़ा खुलासा: ब्रांडेड नाम से बिक रही थी एंटीबायोटिक, लैब जांच में निकली अमानक

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Major Spurious Medicine Bust in Samastipur

समस्तीपुर । Major Spurious Medicine Bust in Samastipur, बिहार के समस्तीपुर जिले में ब्रांडेड कंपनियों के नाम और रैपर का इस्तेमाल कर नकली दवाओं का कारोबार किए जाने का मामला सामने आया है।

औषधि विभाग की जांच में रोसड़ा स्थित एक दवा दुकान से जब्त एंटीबायोटिक दवा का सैंपल बिहार ड्रग्स कंट्रोल लेबोरेट्री की जांच में अमानक घोषित किया गया है। रिपोर्ट मिलने के बाद औषधि नियंत्रण विभाग ने संबंधित दवा विक्रेता के विरुद्ध आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।

जानकारी के अनुसार, औषधि विभाग की टीम ने 20 सितंबर 2025 को रोसड़ा के ब्लाक रोड, लक्ष्मीपुर स्थित मेसर्स कृष्णा ड्रग्स में छापेमारी की थी। जांच के दौरान दुकान संचालक कुमार विमलेन्दु शेखर से दवाओं की खरीद से संबंधित अभिलेख मांगे गए, लेकिन संबंधित दवा का क्रय बिल उपलब्ध नहीं कराया जा सका।

वहीं, कैश मेमो भी 13 सितंबर 2025 तक का ही प्रस्तुत किया गया। टीम ने मौके से एमाक्स-625 टैबलेट, बायोकाफ मिंट सिरप और डीकाफ डीएक्स सिरप के सैंपल जब्त कर जांच के लिए भेजे थे।

एंटीबायोटिक दवा में नहीं मिला सक्रिय तत्व

बिहार ड्रग्स कंट्रोल लेबोरेट्री, पटना द्वारा एमाक्स-625 टैबलेट की जांच में चौंकाने वाला खुलासा हुआ। जांच रिपोर्ट के अनुसार दवा गुणवत्ता मानकों पर खरी नहीं उतरी। इसमें एंटीबायोटिक के दोनों प्रमुख सक्रिय तत्व एमोक्सीसिलिन और क्लैवुलैनिक एसिड की मात्रा शून्य पाई गई।

लैब ने इसे अमानक दवा घोषित करते हुए अपनी रिपोर्ट समस्तीपुर औषधि कार्यालय को भेज दी। रिपोर्ट मिलने के बाद औषधि निरीक्षक ने पूरे मामले से राज्य औषधि नियंत्रक एवं सहायक औषधि नियंत्रक को अवगत करा दिया है। साथ ही संबंधित दवा के क्रय अभिलेख और दुकान में उपलब्ध शेष स्टाक का विवरण भी मांगा गया है। विभाग ने मामले में नियमानुसार आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।

समस्तीपुर जिले में ड्रग विभाग की टीम लगातार छापेमारी अभियान चला रही है। सितंबर, 2025 में मेसर्स कृष्णा ड्रग्स रोसड़ा में जांच की गई थी। जांच के दौरान औषधि नियंत्रक ने दवा का बिल नहीं मिलने पर रिपोर्ट की थी। इसे साथ ही तीन दवा का सैंपल जब्त किया गया था। जिसे जांच के लिए लैबोरेटरी में भेजा गया था। इसमें एमाक्स 625 टैबलेट नकली रहने की रिपोर्ट दी गई। इस मामले में दवा दुकान से स्पष्टीकरण करते हुए आगे की कार्रवाई शुरू की जा रही है। औषधि नियंत्रण विभाग द्वारा नकली दवाओं के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा।
शंभूनाथ ठाकुर, सहायक औषधि नियंत्रक, औषधि नियंत्रण प्रशासन, समस्तीपुर।